Skip to content

दुर्गेशनंदिनी

Completed Historical Fiction
9.2K reads 1.3K votes 42 parts 0

मुग़ल और पठानों के संघर्ष के बीच बंगाल में सत्ता की लड़ाई चरम पर है। इसी उथल-पुथल में मुग़ल सेना का राजपूत योद्धा, जगत सिंह, घायल होकर एक दुर्ग में शरण लेता है। वहाँ उसकी नज़र दुर्गपति की रूपवती कन्या तिलोत्तमा पर पड़ती है और दोनों के दिलों में प्रेम का अंकुर फूटता है। लेकिन युद्ध के इस दौर में भावनाएँ सुरक्षित नहीं रहतीं। दुश्मन की क़ैद, कर्तव्य की पुकार और दिल की चाहत के बीच घिरा जगत सिंह खुद को एक कठिन अग्निपरीक्षा में पाता है। क्या तलवारों की खनक और सियासत के दांव-पेच के बीच यह प्रेम जीवित रह पाएगा?

#bengali-classic #historical #mughal-era #romance
Start reading

Table of Contents

1 प्रथम खण्ड — प्रथम परिच्छेद : देवमंदिर 42 ★  ·  September 22, 2026 2 प्रथम खण्ड — द्वितीय परिच्छेद : आलाप 12 ★  ·  September 22, 2026 3 प्रथम खण्ड — तृतीय परिच्छेद : मुगल-पठान 25 ★  ·  September 22, 2026 4 प्रथम खण्ड — चतुर्थ परिच्छेद : नवीन सेनापति 15 ★  ·  September 22, 2026 5 प्रथम खण्ड — पंचम परिच्छेद : गढ़ मान्दारण 8 ★  ·  September 22, 2026 6 प्रथम खण्ड — षष्ठ परिच्छेद : अभिराम स्वामी की मंत्रणा 60 ★  ·  September 22, 5571 7 प्रथम खण्ड — सप्तम परिच्छेद : असावधानी 44 ★  ·  September 22, 2026 8 प्रथम खण्ड — अष्टम परिच्छेद : विमला की मन्त्रणा 23 ★  ·  September 22, 2026 9 प्रथम खण्ड — नवम परिच्छेद : कुलतिलक 59 ★  ·  September 22, 2026 10 प्रथम खंड — दशम परिच्छेद : मंत्रणा के पश्चात् उद्योग 29 ★  ·  September 22, 7571 11 प्रथम खण्ड — एकादश परिच्छेद : आशमानी का दौत्य 48 ★  ·  September 22, 2026 12 प्रथम खण्ड — द्वादश परिच्छेद : आसमानी का अभिसार 52 ★  ·  September 22, 2026 13 प्रथम खण्ड — त्रयोदश परिच्छेद : आसमानी का प्रेम 35 ★  ·  September 22, 2026 14 प्रथम खण्ड — चतुर्दश परिच्छेद : दिग्गज-हरण 51 ★  ·  September 22, 9571 15 प्रथम खण्ड — पञ्चदश परिच्छेद : दिग्गज का साहस 43 ★  ·  September 22, 2026 16 प्रथम खण्ड — षोडश परिच्छेद : शैलेश्वर-साक्षात्कार 8 ★  ·  September 22, 2026 17 प्रथम खण्ड — सप्तदश परिच्छेद : वीरपंचमी 10 ★  ·  September 22, 3571 18 प्रथम खण्ड — अष्टादश परिच्छेद : चतुर से चतुर 38 ★  ·  September 22, 2026 19 प्रथम खण्ड — उन्नीसवाँ परिच्छेद : प्रेमियों में 57 ★  ·  September 22, 2026 20 प्रथम खण्ड — विंश परिच्छेद : प्रकोष्ठ-प्रकोष्ठ में 5 ★  ·  September 22, 2026 21 प्रथम खण्ड — एकविंश परिच्छेद : खड्ग से खड्ग 6 ★  ·  September 22, 5571 22 द्वितीय खण्ड — प्रथम परिच्छेद : आयशा 47 ★  ·  September 22, 2026 23 द्वितीय खण्ड — द्वितीय परिच्छेद : कुसुम में पाषाण 49 ★  ·  September 22, 2026 24 द्वितीय खंड — तृतीय परिच्छेद : क्या तुम तिलोत्तमा नहीं हो? 36 ★  ·  September 22, 2026 25 द्वितीय खण्ड — चतुर्थ परिच्छेद : अवगुण्ठनवती 25 ★  ·  September 22, 7571 26 द्वितीय खण्ड — पंचम परिच्छेद : विधवा 4 ★  ·  September 22, 2026 27 द्वितीय खण्ड — षष्ठ परिच्छेद : विमला का पत्र 48 ★  ·  September 22, 2026 28 द्वितीय खण्ड — सप्तम परिच्छेद : विमला का पत्र समाप्त 26 ★  ·  September 22, 2026 29 द्वितीय खंड — अष्टम परिच्छेद : आरोग्य 57 ★  ·  September 22, 2026 30 द्वितीय खंड — नवम परिच्छेद : दिग्गज संवाद 16 ★  ·  September 22, 2026 31 द्वितीय खण्ड — दशम परिच्छेद : प्रतिमा विसर्जन 19 ★  ·  September 22, 2026 32 द्वितीय खण्ड — एकादश परिच्छेद : गृहान्तर 56 ★  ·  September 22, 2026 33 द्वितीय खण्ड — द्वादश परिच्छेद : अलौकिक आभरण 59 ★  ·  September 22, 2026 34 द्वितीय खंड — त्रयोदश परिच्छेद : अंगुलीय प्रदर्शन 54 ★  ·  September 22, 2026 35 द्वितीय खण्ड — चतुर्दश परिच्छेद : मोह 6 ★  ·  September 22, 2026 36 द्वितीय खण्ड — पंचदश परिच्छेद : मुक्त कण्ठ 37 ★  ·  September 22, 2026 37 द्वितीय खण्ड — षोडश परिच्छेद : दासी के चरणों में 8 ★  ·  September 22, 2026 38 द्वितीय खण्ड — सप्तदश परिच्छेद : अंतिम काल 28 ★  ·  September 22, 2026 39 द्वितीय खण्ड — अष्टादश परिच्छेद : प्रतियोगिता 55 ★  ·  September 22, 2026 40 द्वितीय खंड — ऊनविंश परिच्छेद : आयशा का पत्र 55 ★  ·  September 22, 2026 41 द्वितीय खंड — विंश परिच्छेद : दीप निर्वाणोन्मुख 18 ★  ·  September 22, 2026 42 द्वितीय खंड — एकविंश परिच्छेद : सफल में निष्फल स्वप्न 16 ★  ·  September 22, 2026

You may also like